Updated On: 04 Nov, 2025

दर्दनाक सड़क हादसा: एक ही परिवार के 8 लोगों की मौत, ट्रक से भीषण टक्कर के बाद मची चीख-पुकार

तेज रफ्तार कार और ट्रक की आमने-सामने टक्कर में आठ लोगों की मौके पर मौत हो गई। हादसा इतना भीषण था कि वाहन के परखच्चे उड़ गए। मुख्यमंत्री ने गहरा शोक जताते हुए जांच और सहायता के निर्देश दिए।

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में सोमवार देर रात एक दर्दनाक हादसा हुआ, जिसने पूरे इलाके को दहला दिया। देवा थाना क्षेत्र के देवा-फतेहपुर मार्ग पर कुतलूपुर गांव के पास एक तेज रफ्तार अर्टिगा कार और ट्रक की आमने-सामने टक्कर हो गई। हादसा इतना भीषण था कि कार में सवार आठ लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि दो गंभीर रूप से घायल लोगों ने अस्पताल में दम तोड़ दिया। मरने वालों में एक ही परिवार के आठ सदस्य शामिल हैं, जिससे पूरे इलाके में शोक का माहौल है।

जानकारी के अनुसार, फतेहपुर कस्बे के मौलवीगंज निवासी प्रदीप रस्तोगी (55) अपने परिवार के साथ कानपुर के बिठूर गए थे, जहां उन्होंने गंगा स्नान किया था। वे लौटते समय भाजपा नेता गिरधर गोपाल की नई अर्टिगा कार (बिना नंबर प्लेट) में सवार थे। जैसे ही वाहन कल्याणी नदी पुल के पास पहुंचा, अचानक कार अनियंत्रित होकर सामने से आ रहे ट्रक से जा भिड़ी। टक्कर इतनी तेज थी कि कार के परखच्चे उड़ गए और सभी सवार अंदर फंस गए।

मरने वालों की पहचान प्रदीप रस्तोगी, उनकी पत्नी माधुरी, दो बेटे नितिन और नैमिष, कार चालक श्रीकांत, और रिश्तेदार बालाजी, इंद्रकुमार मिश्र तथा विष्णु नाग के रूप में हुई है। पुलिस और स्थानीय लोगों ने काफी मशक्कत के बाद शवों को कार से बाहर निकाला। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हादसे के बाद घटनास्थल पर चारों तरफ चीख-पुकार मच गई थी।

पुलिस जांच में सामने आया है कि दोनों वाहन तेज रफ्तार में थे, जिससे यह टक्कर हुई। ट्रक चालक ने ब्रेक लगाने की कोशिश की, लेकिन वाहन कई मीटर तक घिसटता चला गया और कार पूरी तरह ट्रक में चिपक गई। हादसे के बाद ट्रक चालक मौके से फरार हो गया। पुलिस उसकी तलाश में जुटी है और वाहन को जब्त कर लिया गया है।

मृतक प्रदीप रस्तोगी सोने-चांदी के व्यवसायी थे और कस्बे में उनका परिवार जाना-पहचाना था। एक साथ इतने लोगों की मौत से फतेहपुर इलाके में मातम छा गया है। पड़ोसी और रिश्तेदार घटनास्थल पर पहुंचकर रो पड़े।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे पर गहरा दुख जताया है और जिला प्रशासन को पीड़ित परिवार की हरसंभव मदद करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने मृतकों के परिजनों को संवेदना प्रकट की और घायलों के समुचित इलाज के आदेश दिए।

पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और हादसे की जांच शुरू कर दी है। वहीं, ग्रामीणों ने सड़क पर स्पीड ब्रेकर और रिफ्लेक्टर लगाने की मांग की है ताकि भविष्य में ऐसे हादसे न हों।