Updated On: 15 Dec, 2025

भालू के मूवमेंट पर वन विभाग , DFO श्रद्धा पेंन्द्रे का विस्तृत बयान

रसमोहनी जैतपुर वन परिक्षेत्र अंतर्गत रसमोहनी गांव में भालू की लगातार सक्रियता से ग्रामीणों में दहशत का माहौल बना हुआ है। भालू के मूवमेंट को लेकर फैल रही चर्चाओं के बीच वन विभाग ने स्थिति को पूरी तरह स्पष्ट किया है। ख़बर TAP की टीम को वन विभाग द्वारा पूरे मामले की विस्तृत जानकारी दी गई।


वन विभाग के अनुसार, भालू बीते कुछ दिनों से शाम ढलते ही जंगल से निकलकर गांव से सटे बाजार क्षेत्र की ओर आता देखा जा रहा है। विशेष रूप से शाम 6 बजे के बाद उसकी गतिविधियां अधिक सक्रिय रहती हैं। भालू मुख्य रूप से सड़क किनारे, बाजार और खाद्य सामग्री की गंध वाले स्थानों की ओर आकर्षित हो रहा है। हाल ही में सड़क पर खड़ी एक पिकअप से पॉपकॉर्न निकालकर खाने की घटना भी सामने आई है, जो उसके मूवमेंट को स्पष्ट करती है।


विभाग ने बताया कि भालू देर रात या तड़के सुबह पुनः जंगल की ओर लौट जाता है। इसी पैटर्न को ध्यान में रखते हुए बाजार क्षेत्र और संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है। शाम 6 बजे से सुबह 6 बजे तक वन विभाग की टीम मौके पर तैनात रहकर लगातार गश्त कर रही है।


इस संबंध में शहडोल वन मंडलाधिकारी (DFO) श्रद्धा पेंन्द्रे ने ख़बर TAP को एक्सक्लूसिव जानकारी देते हुए कहा कि वन विभाग स्थिति पर पूरी तरह नियंत्रण बनाए हुए है। उन्होंने बताया कि भालू की हर गतिविधि पर नजर रखी जा रही है और एक विशेष टीम रसमोहनी बाजार क्षेत्र में मौजूद है।


DFO श्रद्धा पेंन्द्रे ने ग्रामीणों से अपील की कि वे अपने आवश्यक कार्य दिन में ही निपटाएं और कुछ दिनों तक रात के अंधेरे में घरों से बाहर न निकलें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जरूरत पड़ने पर भालू को सुरक्षित स्थान पर भेजने की कार्रवाई की जाएगी और फिलहाल ग्रामीणों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता है।